तेलुगु सिनेमा में बनी Champion Movie एक ऐसी फिल्म है जो खेल, इतिहास और सामाजिक संघर्ष को एक साथ जोड़ने की कोशिश करती है। Pradeep Advaitham Direction में बनी यह पीरियड ड्रामा फिल्म 1930–40 के दशक के हैदराबाद की की कहानी को बखूबी दिखाने का काम करती है। फिल्म का विज़न बड़ा है और यह दर्शकों को एक गंभीर लेकिन भावनात्मक सफर पर ले जाती है। जिसे दर्शक इसे एन्जॉय करते हुए देख पाते है और महसूस करते है उस दौर को |

Champion Movie स्टोरीलाइन: जब खेल बना विरोध का हथियार
Champion Movie की कहानी एक युवा लड़के माइकल के जीवन पर केंद्रित है, जिसे फुटबॉल से बेइंतहा प्यार है। उसके लिए Football सिर्फ एक खेल नहीं, बल्कि पहचान और आत्मसम्मान का जरिया है। जैसे-जैसे कहानी आगे बढ़ती है, खेल और सामाजिक अन्याय आपस में टकराते हैं और माइकल का सफर व्यक्तिगत सपनों से सामूहिक संघर्ष की ओर मुड़ जाता है। फिल्म में फुटबॉल को प्रतिरोध और उम्मीद के प्रतीक के रूप में दिखाया गया है।
Roshan Meka Acting: मेहनत साफ नजर आती है
Roshan Meka का परफॉरमेंस फिल्म की सबसे मजबूत पहलु है। उन्होंने अपने किरदार को ईमानदारी और भावनात्मक संतुलन के साथ निभाया है। उनके अभिनय में एक सादगी है, जो चरित्र को भरोसेमंद बनाती है। हालांकि कमजोर स्क्रीनप्ले के कारण कई जगह उनका प्रभाव सीमित हो जाता है, फिर भी यह प्रदर्शन उनके करियर के लिए एक अहम कदम कहा जा सकता है।
Anaswara Rajan Debut: कम स्क्रीन टाइम, साफ प्रभाव
Anaswara Rajan भी फिल्म में अपने किरदार को बखूबी से निभाती है , उनकी म्हणत साफ़ नजर आती है क्योकि किसी भी एक्ट्रेस के लिए इतने पिछले दौर के घटना को बखूबी दिखा पाना मुश्किल होता है | लेकिन anaswara ने अपने शानदार अभिनय से इसको भी बेहतरीन तरीके से दिखाय है | हालांकि कहानी में anaswara को ज्यादा स्पेस नहीं दिया गया, लेकिन उनकी मौजूदगी फिल्म को भावनात्मक गहराई देने में मदद करती है।
Cinematography & Music: माहौल रचने में सफल
फिल्म की Cinematography और Production Design इसकी बड़ी ताकत हैं। पुराने हैदराबाद की गलियाँ, मैदान और वातावरण स्क्रीन पर शानदार तरीके से दिखाया गया हैं। बैकग्राउंड स्कोर कई दृश्यों में भावनाओं को मजबूत करता है, हालांकि कुछ जगह संगीत का इस्तेमाल थोड़ा ज्यादा लगता है।

जहाँ एक ओर फिल्म की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि, विषय और लीड एक्टर्स का कार्य सराहनीय है, वहीं कहानी की कमजोर लेखन और भावनात्मक गहराई की कमी इसे पूरी तरह यादगार बनने से रोकती है। Champion Movie Review में यह साफ दिखता है कि फिल्म के पास कहने के लिए बहुत कुछ है, लेकिन उसे असरदार तरीके से पेश नहीं कर पाती।
Champion Movie : देखने लायक लेकिन अधूरा अनुभव
Champion Movie के लिए कहा जा सकता है कि यह फिल्म उन दर्शकों के लिए है जो Period Drama, Sports Movies और Social Themes में रुचि रखते हैं। यह एक साहसिक और बेहतरीन प्रयास है, जो पूरी तरह चैंपियन नहीं बन पाता, लेकिन अपने संदेश और विज़ुअल ट्रीटमेंट के कारण एक बार जरूर देखा जा सकता है।









